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आईटीएस डेंटल कॉलेज में कोट सेरेमनी का आयोजन

ग्रेटर नोएडा : यहाँ के आईटीएस डेंटल कालेज में व्हाइट कोट सेरेमनी व मेधावी छात्रों को पुरस्कृत किया गया। इस समारोह मे मुख्य अतिथि डाॅ जी. सी. खिलनानी, निदेशक, पलमनरी मेडिसिन एवं स्लीप डिसआर्डर, एम्स, दिल्ली और विशिष्ट अतिथि डाॅ आर के खंडाल, पूर्व उप-कुलसचिव यू0पी0 टी0यू0, लखनऊ, वाइस चैयरमैन सोहिल चडढा, सचिव बी0 के0 अरोडा, निदेशक डाॅ अनमोल एस0 काल्हा, प्रधानाचार्य डाॅ पुनीत आहुजा एवं डेटल और मेडिकल विभागों के सभी विभागाध्यक्ष, प्रोफेसर एवं रीडर और काॅलेज के सभी छात्र एवं उनके माता़-पिता मौजूद थे।
उपाध्यक्ष सोहिल चडढा ने मुख्य अतिथि डाॅ जी.सी. खिलनानी एवं डाॅ आर के खंडाल का स्वागत किया।
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कार्यक्रम का शुभारंभ बी0डी0एस0 तृतीय वर्ष के छात्र -छात्राओं द्वारा किया गया तथा सभी गणमान्य व्यक्तियों द्वारा मां सरस्वती का दीपक जलाकर आर्शीवाद लिया गया। डाॅ जी. सी. खिलनानी ने छात्रों को सुनहरे भविष्य की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि एक सफल चिकित्सक बनने के लिए अनुशासन और सेवा भावना का जज्बा होना बहुत जरूरी है। उन्होने कहा कि छात्र भी गल्ती कर सकते है परन्तु उन्हे अपनी गल्तिया छुपानी नही चाहिए अपितु उनसे सीख लेनी चाहिए। डाॅ आर के खंडाल ने सभी छात्रों को बधाई देते हुए कहा कि सभी छात्रों का उद्देश्य अपने पाठ्यक्रम मे अधिक से अधिक ज्ञान प्राप्त करने का होना चाहिए ताकि वह समाज के विकासमे योगदान कर सके। उन्होने कहा चिकित्सक काअपने मरीजो के प्रति व्यवहार शालीन होना चाहिए तथा छात्रों को चाहिए आज के इस तनाव भरे परिवेश मे हर लम्हें का वे आनन्द ले तथा इस पाठयक्रम को अपने जीवन का यादगार समय बनायें।डाॅ अनमोल एस0 काल्हा ने सभा को सम्बोधित करते हुए कहा कि जीवन में हर एक पल सामाजिक कौशल, मानव द्रष्टिकोण और मूल्यों पर ध्यान देने के साथ-साथ प्रतिबिंबित करने के लिए है । उन्होने बताया कि छात्रों को बदलते प्रौद्योगिकी के साथ बराबर ज्ञान रखने की आवश्यकता है। प्रधानाचार्य डा. पुनीत आहुजा ने काॅलेज की उपलब्धियों के साथ सभा को अवगत कराया । उन्होने कहा कि संस्थान मे कौशल रोगी प्रबंधन नैदानिक के विकास पर बल दिया जाता है ।उन्होने आगे बताया कि आई0टी0एस0 के छात्र उच्च एवं गुणवत्ता की शिक्षा प्राप्त करते है औ रोगियों पर नैदानिक ज्ञान को लागू करने का प्रयास कर रहे है। उन्होने अपने अनुभव के अनुसार डाॅ औरमरीज के रिश्ते के बारे में विश्वास की बात कही। उन्होने कहा कि रोगी के दर्द में राहत कर नाही डाॅ कापर म कर्तव्य है। इसके साथ सभी गणमान्य व्यक्तियों ने सभी छात्रों के उज्जवल भविष्य की कामना की। कार्यक्रम के अन्त में उन छात्रों एवं शिक्षकों कों सम्मानित किया गया जिन्होने अपने चिकित्सा क्षेत्र में राष्ट्रीय एवं अंतराष्ट्रीय स्तर पर ख्याती प्राप्त की।