पढाई वीजा लेकर आये नाइजेरियन कर रहे हैं नशे का कारोबार !

ग्रेटर नोएडा : हाल के दिनों में शहर में नाइजीरियन एक बड़ी समस्या बन कर उभरा है । स्टडी वीजा पर भारत आने वाले ये नाइजीरियन देश के विभिन्न शहरों में नशे के सौदागर बन कर रहे हैं। ये बड़े आसानी से किशोर और युवकों को नशे की लत लगाकर उन्हें नशे की जाल में जकड़ रहे है।

NIGERIA

फोटो : कासना थाना के बाहर प्रदर्शन कर रहे नाइजेरियन्स।


ग्रेटर नोएडा शहर भी इससे अछूता नहीं है। इसका उदहारण गत वर्ष की एक घटना है जिसमे नाइजीरिया के एयरपोर्ट पर ड्रग्स पकड़ी गई थी। उस दौरान यह पता चला था कि ड्रग्स का पैकेट ग्रेटर नोएडा से कोरियर करके भेजा गया था। नाइजीरियन युवकों के लगातार बढ़ते कारोबार से शहर के लोग परेशान हैं। शहर के लोगों ने अब रणनीति तैयार की है कि जिस कॉलेज में नाइजीरियन पढ़ते हैं, उसी कॉलेज के छात्रावास में वह रहें, जिससे शहर के वातावरण को नशे में डूबने से बचाया जा सके।

बता दें एनएसजी सोसायटी में रहने वाले 12वीं के छात्र मनीष खारी की मौत के बाद नाइजीरियन युवक अब शहरवासियों के निशाने पर आ गए हैं। आरोप है कि नाइजीरियन युवकों ने छात्र को जबरन ड्रग्स के इंजेक्शन दिया था जिससे उसकी मौत हो गयी । स्टडी वीजा पर आने वाले नाइजीरियन युवकों का जिस तरह से शहर में जाल फैल रहा है, वह आने वाले समय के लिए शुभ संकेत नहीं है। मामले में एलआइयू व पुलिस की लापरवाही भी सामने आई है। जांच एजेंसी ग्रेटर नोएडा में रहने वाले नाइजीरियन युवकों पर लगाम नहीं कसती है। उनके कागजों की जांच नहीं होती है। हालाँकि पुलिस समय-समय पर नाइजीरियन युवकों का सत्यापन अभियान चलती थी , लेकिन हाल के दिनों अब अभियान ठंडे बस्ते में है। यही कारण है कि शहर में नाइजीरियन युवक उत्पात मचा रहे हैं।

इस सम्बन्ध में रविवार को स्वर्ण नगरी सेक्टर में शहरवासियों ने बैठक की। बैठक में रघुराज भाटी ने कहा कि छात्र की मौत का पूरे गुर्जर समाज को गम है। पुलिस की नींद टूटनी चाहिए और शहर में रह रहे विदेशी नागरिकों का सत्यापन किया जाना चाहिए। बैठक में रविन्द्र मोतला, जिले सिंह , राम कुमार, रोहित कुमार, प्रमोद, चैनपाल प्रधान सहित कई अन्य लोग मौजूद रहे।